विश्व साइकिल दिवस 2026 के अवसर पर भारत की सबसे बड़ी पब्लिक बाइक शेयरिंग कंपनी स्मार्टबाइक ने इंडिया इंटरनेशनल सेंटर (IIC), नई दिल्ली तथा वर्ल्ड साइक्लिंग एलायंस, ब्रुसेल्स के सहयोग से 3 जून 2026 को इंडिया इंटरनेशनल सेंटर, एनेक्सी, नई दिल्ली में “Smart & Sustainable Mobility Through Cycling: A Pathway to Cleaner Air and Healthier Cities” ( स्मार्ट एंड सस्टनेबल मोबिलिटी थ्रू साइकिलिंग: ए पाथवे टू क्लीनर एयर एंड हेल्दीयर सीटिज) विषय पर एक नेशनल सेमिनार का आयोजन किया।
यह सेमिनार देश के शहरों के सामने खड़ी एक गंभीर और बढ़ती चुनौती को ध्यान में रखकर आयोजित किया गया था। हालिया अध्ययनों के अनुसार, वाहनों से होने वाला प्रदूषण और लगातार खराब होता वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) लोगों के स्वास्थ्य और जीवन की गुणवत्ता पर नकारात्मक प्रभाव डाल रहा है, विशेष रूप से दिल्ली जैसे महानगरों में यह समस्या अधिक गंभीर है। राष्ट्रीय राजधानी लंबे समय से दुनिया के सबसे प्रदूषित शहरों में शामिल रही है। ऐसे में पारंपरिक ईंधन (फॉसिल फ्यूल) आधारित परिवहन के विकल्प के रूप में ऐसे समाधानों की आवश्यकता महसूस की जा रही है, जो प्रभावी होने के साथ-साथ बड़े पैमाने पर अपनाए जा सकें। साइक्लिंग इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण विकल्प के रूप में उभर रही है। यह न केवल फर्स्ट-माइल और लास्ट-माइल कनेक्टिविटी को बेहतर बनाती है, बल्कि स्वच्छ, किफायती और टिकाऊ शहरी परिवहन को भी बढ़ावा देती है। इसी उद्देश्य से इस राष्ट्रीय सेमिनार में साइक्लिंग को सार्वजनिक नीति और शहरी विकास से जुड़ी चर्चाओं के केंद्र में रखा गया।
इस सेमिनार में विभिन्न क्षेत्रों के कई प्रतिष्ठित विशेषज्ञों और वरिष्ठ अधिकारियों ने भाग लिया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि इंडिया इंटरनेशनल सेंटर के निदेशक एवं पूर्व नागरिक उड्डयन सचिव श्री के. एन. श्रीवास्तव (आईएएस) रहे। उन्होंने सस्टेनेबल मोबिलिटी की अवधारणा और दिल्ली-एनसीआर में इसके बढ़ते महत्व पर अपने विचार साझा किए। स्मार्टबाइक के चेयरमैन और वर्ल्ड साइक्लिंग एलायंस के प्रथम उपाध्यक्ष श्री डी. वी. मनोहर ने राष्ट्रीय साइक्लिंग नीति के मसौदे पर विस्तृत प्रस्तुति दी। वहीं, भारतीय खेल प्राधिकरण के उप महानिदेशक श्री मयंक श्रीवास्तव (आईपीएस) ने सक्रिय परिवहन और नागरिकों की फिटनेस को बढ़ावा देने के लिए भारत सरकार की प्रतिबद्धता पर प्रकाश डाला।
सेमिनार में आवासन एवं शहरी कार्य मंत्रालय, भारत सरकार की निदेशक सुश्री रोहिना गुप्ता ने भी अपने विचार रखे। उन्होंने स्मार्ट सिटी मिशन और शहरों में बेहतर एवं सस्टनेबल मोबिलिटी सिस्टम की आवश्यकता पर जोर दिया। वर्ल्ड साइक्लिंग एलायंस, ब्रुसेल्स के अध्यक्ष सर ग्राहम वॉटसन ने साइक्लिंग नीति और अर्बन मोबिलिटी पर वैश्विक अनुभव साझा करते हुए यूरोप सहित कई देशों के सफल मॉडलों की जानकारी दी। वहीं, यूरोपियन साइक्लिस्ट्स फेडरेशन की सीईओ सुश्री लौरियन क्रिड ने यूरोप में साइक्लिंग को बढ़ावा देने वाले सफल प्रयासों और उससे जुड़े आर्थिक व सामाजिक लाभों पर अपने विचार प्रस्तुत किए।
इतने प्रतिष्ठित और अनुभवी वक्ताओं की उपस्थिति ने सेमिनार को विशेष महत्व प्रदान किया। यह विषय इसलिए भी बेहद प्रासंगिक रहा, क्योंकि वाहनों से बढ़ते प्रदूषण और लगातार खराब हो रहे वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) का सबसे अधिक प्रभाव दिल्ली और एनसीआर के लोगों के जीवन पर पड़ रहा है।
प्रतिष्ठित वक्ताओं के पैनल ने श्री डी. वी. मनोहर के साथ मिलकर, सस्टेनेबल अर्बन मोबिलिटी, नागरिक फिटनेस और स्वच्छ शहरों के एक महत्वपूर्ण माध्यम के रूप में साइकिलिंग को मुख्यधारा में लाने के राष्ट्रीय प्रयास के तहत, रविवार, 7 जून 2026 को हैदराबाद और चंडीगढ़ में आयोजित होने वाले आगामी ‘विश्व साइकिल दिवस मेगा साइकिलिंग इवेंट्स’ पर भी विचार-विमर्श किया। वक्ताओं ने इस बात पर जोर दिया कि जहाँ नीति निर्माण और संस्थागत ढांचे महत्वपूर्ण बने हुए हैं, वहीं शहरी गतिशीलता में सार्थक व्यवहार परिवर्तन लाने के लिए जनता की भागीदारी और समुदाय के नेतृत्व वाले साइकिलिंग आंदोलन भी उतने ही जरूरी हैं।
हैदराबाद में यह आयोजन स्मार्टबाइक मोबिलिटी और हैदराबाद बाइसिकलिंग क्लब द्वारा संयुक्त रूप से स्मार्टबाइक हब, नरसिंगी में 7 जून को सुबह 6 बजे से आयोजित किया जाएगा। कार्यक्रम में करीब 5,000 साइकिल चालकों और फिटनेस प्रेमियों के शामिल होने की संभावना है। इस अवसर पर भारत के पूर्व उपराष्ट्रपति श्री एम. वेंकैया नायडू मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद रहेंगे। आयोजन के दौरान 5 और 10 किलोमीटर की सामुदायिक साइकिल राइड, सड़क सुरक्षा एवं साइकिलिंग जागरूकता गतिविधियां आयोजित की जाएंगी। साथ ही लोगों को सक्रिय जीवनशैली अपनाने और स्वस्थ व पर्यावरण-अनुकूल शहरों के निर्माण में योगदान देने के लिए प्रेरित किया जाएगा।
इसी प्रकार चंडीगढ़ में यह आयोजन स्मार्टबाइक मोबिलिटी द्वारा आर्ट गैलरी, चंडीगढ़ में सुबह 6 बजे से आयोजित किया जाएगा। इस कार्यक्रम में लगभग 3,000 साइकिल चालकों, छात्रों, परिवारों और स्थानीय नागरिकों के शामिल होने की संभावना है, जो साइक्लिंग को बढ़ावा देने के लिए एक बड़े जन-उत्सव का हिस्सा बनेंगे। इस अवसर पर यूटी चंडीगढ़ के मुख्य सचिव श्री एच. राजेश प्रसाद (आईएएस) मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहेंगे। हैदराबाद और चंडीगढ़ में आयोजित इन दोनों कार्यक्रमों में कुल मिलाकर 8,000 से अधिक साइकिल चालकों के भाग लेने की उम्मीद है। यह बढ़ती भागीदारी साइक्लिंग को स्वच्छ पर्यावरण, बेहतर स्वास्थ्य और स्मार्ट शहरों के निर्माण के लिए एक प्रभावी माध्यम के रूप में मिल रहे राष्ट्रीय समर्थन को दर्शाती है।
इस कार्यक्रम की प्रमुख आयोजक स्मार्टबाइक (SmartBike) ने भारत में पब्लिक बाइक शेयरिंग (PBS) के क्षेत्र में एक अग्रणी संस्था के रूप में अपनी पहचान बनाई है। कंपनी देश के कई प्रमुख शहरों में इलेक्ट्रिक स्मार्टबाइक्स सहित करीब 10,000 स्मार्टबाइक्स का संचालन कर रही है। इसके चंडीगढ़ पीबीएस प्रोजेक्ट को आवासन एवं शहरी कार्य मंत्रालय द्वारा देश के 100 स्मार्ट शहरों में ‘मोबिलिटी एवं ई-गवर्नेंस’ श्रेणी में प्रथम पुरस्कार से सम्मानित किया गया था। यह सम्मान सितंबर 2023 में भारत की माननीय राष्ट्रपति द्वारा प्रदान किया गया था। स्मार्टबाइक उन चुनिंदा स्टार्टअप्स में भी शामिल रही है, जिन्हें स्टार्टअप इंडिया के तहत अपनी नीतिगत सिफारिशें सीधे प्रधानमंत्री के समक्ष प्रस्तुत करने का अवसर मिला था। कंपनी द्वारा दिए गए कई सुझावों को लागू भी किया जा रहा है। इसके अलावा, स्मार्टबाइक भारतीय सशस्त्र बलों के साथ भी सक्रिय रूप से कार्य कर रही है और इसकी विभिन्न पहलों का उद्घाटन पूर्व चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ (सीडीएस) जनरल अनिल चौहान, भारतीय नौसेना के चीफ ऑफ पर्सोनल संजय भल्ला तथा मेजर जनरल संजय चंद्र कंदपाल जैसे वरिष्ठ सैन्य अधिकारियों द्वारा किया जा चुका है।
3 जून 2026 को आयोजित यह राष्ट्रीय सेमिनार केवल एक सम्मेलन नहीं था, बल्कि एक बेहतर और टिकाऊ भविष्य के निर्माण की दिशा में सामूहिक पहल का संदेश था। भारत के शहर आज प्रदूषण, ट्रैफिक जाम और सार्वजनिक स्वास्थ्य जैसी गंभीर चुनौतियों का सामना कर रहे हैं। ऐसे में इस सेमिनार का उद्देश्य इन मुद्दों पर राष्ट्रीय स्तर पर सार्थक चर्चा को बढ़ावा देना और जागरूकता को प्रभावी नीतियों तथा नीतियों को वास्तविक बदलाव में बदलने की दिशा में प्रयास करना था।
स्मार्टबाइक, वर्ल्ड साइक्लिंग एलायंस और इंडिया इंटरनेशनल सेंटर ने इस पहल के माध्यम से उन सभी संस्थाओं, नीति-निर्माताओं, विशेषज्ञों और नागरिकों को एक मंच पर आने का आह्वान किया, जो अधिक स्मार्ट, स्वच्छ और स्वस्थ शहरों के निर्माण के लिए प्रतिबद्ध हैं। सेमिनार का मुख्य संदेश था: “Be the Future Maker” – भविष्य के निर्माता बनें।
साइकिलिंग बनेगी भविष्य की पहचान, स्मार्ट और सस्टेनेबल मोबिलिटी पर राष्ट्रीय मंथन

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